झारखंड साहित्य संस्कृति परिषद के 23वें वार्षिक उत्सव में चार विभूतियां सम्मानित, 15 छात्र-छात्राओं को भी मिला पुरस्कार
Ranchi: झारखंड साहित्य संस्कृति परिषद का 23वां वार्षिक उत्सव 11 अक्टूबर को माताजी आश्रम, हाता में उत्साह और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बीच आयोजित किया गया। समारोह में शिक्षा, साहित्य और कला के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली चार प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। इसके साथ ही लेखन प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 15 स्कूली छात्र-छात्राओं को भी पुरस्कृत किया गया।
कार्यक्रम में परिषद ने ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाओं और साहित्यिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। सम्मानित होने वालों में शिक्षाविद एवं समाजसेवी रघुनन्दन बनर्जी, टांगराइन मध्य विद्यालय के प्रधान शिक्षक अरविंद तिवारी, कवि करुणामय मंडल और तबला वादक तपन मंडल शामिल रहे।
शिक्षा, साहित्य और कला के क्षेत्र की प्रतिभाओं का सम्मान
जुड़ी निवासी रघुनन्दन बनर्जी को शिक्षा और समाजसेवा के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए विशिष्ट सम्मान प्रदान किया गया। वहीं, टांगराइन मध्य विद्यालय के प्रधान शिक्षक अरविंद तिवारी को शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य के लिए सम्मानित किया गया।शंकर दा निवासी चर्चित कवि करुणामय मंडल को साहित्य के क्षेत्र में योगदान के लिए सम्मान मिला। वहीं, तबला वादक तपन मंडल को स्वर्गीय नित्यानंद स्मृति पुरस्कार से नवाजा गया। यह पुरस्कार शिक्षाविद आशीष मंडल की ओर से प्रदान किया गया।सम्मानित विभूतियों को अंगवस्त्र, स्मृति चिह्न, प्रशस्ति पत्र और पत्रिका ‘झारखंड प्रभा’ की प्रति भेंट की गई।
लेखन प्रतियोगिता के 15 विद्यार्थी सम्मानित
समारोह में पूर्व में आयोजित साहित्यिक प्रतियोगिता के सफल प्रतिभागियों को भी सम्मानित किया गया। स्वरचित कविता, कहानी और लेख लेखन की विभिन्न श्रेणियों में कुल 15 छात्र-छात्राओं को पुरस्कार दिए गए। यह सम्मान विकास एजुकेशनल चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से प्रदान किया गया।
स्वरचित कविता श्रेणी: अल्फिया अशरफ, बेबी शांति टुडू, बिजली साव, मनीषा दास और बिनती महाकुड़।
स्वरचित कहानी श्रेणी: दिया सरदार, सौरभ महतो, श्रीजा दास, अनुष्का सेन और आशा रानी मंडल।
लेख लेखन श्रेणी: स्वीटी राणा, सलक पाल, रिया दास, तनुश्री भक्त और शीला महतो।
सभी सफल विद्यार्थियों को अंगवस्त्र, स्मृति चिह्न, प्रशस्ति पत्र और ‘झारखंड प्रभा’ की प्रति देकर सम्मानित किया गया। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों में रचनात्मक लेखन और साहित्य के प्रति रुचि को बढ़ावा देना रहा।
साहित्यकारों और गणमान्य लोगों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में पूर्व विधायक एवं साहित्यकार सूर्य सिंह बेसरा, पूर्व विधायक मेनका सरदार, साहित्यकार-शिक्षाविद मित्रेश्वर अग्निहोत्री, बीपीआरओ डॉ. मनोज सिन्हा, साहित्यकार सुबोध कुमार सिंह, वीरेंद्र नाथ घोष और विकास कुमार भक्त उपस्थित रहे। इसके अलावा गाजूर संस्था के संस्थापक जन्मेजय सरदार, सुनील कुमार दे, परिषद के अध्यक्ष भवतारण मंडल, सचिव शंकर चंद्र गोप, समाजसेवी दुलाल मुखर्जी, माताजी आश्रम के सचिव राजकुमार साव, अध्यक्ष कृष्ण पद मंडल, संगीत शिल्पी कमल कांति घोष, शिक्षाविद जय हरि सिंह मुंडा, आशुतोष मंडल और आशीष मंडल तथा समाजसेवी उज्ज्वल मंडल सहित परिषद के सदस्य और माताजी आश्रम के भक्तगण मौजूद रहे।समारोह ने स्थानीय साहित्यिक प्रतिभाओं को मंच देने और नई पीढ़ी को लेखन के लिए प्रेरित करने का संदेश दिया।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
1
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
