ग्रेटर नोएडा: शारदाकेयर हेल्थसिटी में दुर्लभ गर्भावस्था जटिलता का सफल इलाज, माँ और नवजात दोनों सुरक्षित

शारदाकेयर हेल्थसिटी के डॉक्टरों ने प्लेसेंटा एक्रीटा स्पेक्ट्रम और यूनिकॉर्नुएट यूटेरस से पीड़ित 36 वर्षीय महिला की आपातकालीन सर्जरी कर जान बचाई। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण हिस्टेरेक्टॉमी करनी पड़ी। ऑपरेशन के बाद माँ और नवजात दोनों की हालत स्थिर है।

Jul 31, 2026 - 17:01
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ग्रेटर नोएडा: शारदाकेयर हेल्थसिटी में दुर्लभ गर्भावस्था जटिलता का सफल इलाज, माँ और नवजात दोनों सुरक्षित

ग्रेटर नोएडा स्थित शारदाकेयर हेल्थसिटी के डॉक्टरों ने गर्भावस्था से जुड़े एक बेहद दुर्लभ और जटिल मामले में 36 वर्षीय महिला की जान बचाते हुए चिकित्सा क्षेत्र में बड़ी सफलता हासिल की है। महिला को प्लेसेंटा एक्रीटा स्पेक्ट्रम (PAS) और यूनिकॉर्नुएट यूटेरस जैसी अत्यंत दुर्लभ स्थितियों का सामना करना पड़ रहा था, जिनका संयोजन दुनिया भर में बेहद कम मामलों में देखा गया है।

अस्पताल के अनुसार, महिला की पूर्व की चार गर्भावस्थाओं में भी प्लेसेंटा अपने आप बाहर नहीं आया था और हर बार उसे मैन्युअल तरीके से निकालना पड़ा था। मौजूदा गर्भावस्था में महिला ने दूसरे अस्पताल में 1.7 किलोग्राम वज़न के प्रीमैच्योर शिशु को जन्म दिया, लेकिन डिलीवरी के बाद करीब 10 घंटे तक प्लेसेंटा बाहर नहीं निकल पाया। इसके बाद गंभीर हालत में उसे शारदाकेयर हेल्थसिटी रेफर किया गया।

ऑब्सटेट्रिक्स एवं गायनेकोलॉजी विभाग की निदेशक डॉ. रुचि श्रीवास्तव के नेतृत्व में महिला की तत्काल इमरजेंसी सर्जरी की गई। ऑपरेशन के दौरान पता चला कि प्लेसेंटा गर्भाशय की दीवार में गहराई तक चिपक चुका था, जिसे प्लेसेंटा एक्रीटा स्पेक्ट्रम (PAS) कहा जाता है। साथ ही यह भी सामने आया कि महिला का गर्भाशय यूनिकॉर्नुएट यूटेरस था, जो एक दुर्लभ जन्मजात असामान्यता है।

सर्जरी के दौरान अत्यधिक रक्तस्राव होने पर डॉक्टरों ने महिला की जान बचाने के लिए इमरजेंसी हिस्टेरेक्टॉमी (गर्भाशय निकालने की सर्जरी) की। सफल ऑपरेशन के बाद माँ और नवजात दोनों की स्थिति स्थिर है।

डॉ. रुचि श्रीवास्तव ने बताया कि यह गर्भावस्था से जुड़ी सबसे चुनौतीपूर्ण मेडिकल इमरजेंसी में से एक थी। समय पर सही पहचान, त्वरित सर्जरी और विशेषज्ञ टीम के समन्वय की बदौलत महिला की जान बचाई जा सकी। उन्होंने कहा कि ऐसे हाई-रिस्क मामलों का इलाज केवल उन अस्पतालों में होना चाहिए, जहां एडवांस्ड सर्जिकल और क्रिटिकल केयर सुविधाएं उपलब्ध हों।

शारदाकेयर हेल्थसिटी एवं शारदा हॉस्पिटल के ग्रुप CEO डॉ. कौसर शाह ने कहा कि इस दुर्लभ मामले का सफल इलाज अस्पताल की विशेषज्ञ चिकित्सा टीम और अत्याधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि अस्पताल भविष्य में भी हाई-रिस्क प्रेग्नेंसी और जटिल मेडिकल मामलों में सर्वोत्तम उपचार उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

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